यह लेख मैं राष्ट्रहित में लिख रहा हूँ, इसमें कोई राजनीति नहीं है ....
Friday, 18 April 2025
यह लेख मैं राष्ट्रहित में लिख रहा हूँ, इसमें कोई राजनीति नहीं है ....
जो स्वयं से पृथक है, उसमें मेरी कोई रुचि नहीं है। जो स्वयं के साथ एक है, वही मुझे स्वीकार्य है ---
जो स्वयं से पृथक है, उसमें मेरी कोई रुचि नहीं है। जो स्वयं के साथ एक है, वही मुझे स्वीकार्य है।
Thursday, 17 April 2025
ईश्वर की प्राप्ति मेरा धंधा (व्यवसाय) है ---
ईश्वर की प्राप्ति मेरा धंधा (व्यवसाय) है। इस व्यवसाय में कुछ मिलता नहीं है, जो कुछ भी पास में है, वह भी छीन लिया जाता है। इस धंधे में जो पड़ गया उससे कुछ भी अपेक्षा करना बेकार है।
Wednesday, 16 April 2025
हम शक्तिशाली होंगे तो हमारा सर्वत्र सम्मान होगा ----
हम शक्तिशाली होंगे तो हमारा सर्वत्र सम्मान होगा, डरपोक और डब्बू होंगे तो हर जगह सिर्फ मार खाएँगे, जिस तरह इस समय खा रहे हैं।
Tuesday, 15 April 2025
हमारी कोई भी बुराई हो, वह निज प्रयासों से कभी दूर नहीं होती, चाहे कितना भी हम प्रयास करें ---
हमारी कोई भी बुराई हो, वह निज प्रयासों से कभी दूर नहीं होती, चाहे कितना भी हम प्रयास करें| इसके लिए भगवान का अनुग्रह चाहिए| वे तो इन सब से ऊपर उठने का उपदेश देते हैं, और मार्ग भी बताते हैं| सारी बुराइयाँ और अच्छाइयाँ हमारे अवचेतन मन में अनेक जन्मों के संस्कारों के रूप में छिपी होती हैं जो अवसर मिलते ही प्रकट हो जाती हैं| भगवान की परम कृपा का पात्र हमें बनना होगा जिसके लिए चाहिए ..... परमप्रेम, अभीप्सा और समर्पण|
जब परमात्मा की प्रत्यक्ष अनुभूति होने लगे, तब सब नियमों से स्वयं को मुक्त कर परमात्मा का ही चिंतन, मनन, निदिध्यासन और ध्यान करना चाहिए।
हम नित्यमुक्त हैं। जब परमात्मा की प्रत्यक्ष अनुभूति होने लगे, तब सब नियमों से स्वयं को मुक्त कर परमात्मा का ही चिंतन, मनन, निदिध्यासन और ध्यान करना चाहिए।
जहाँ तक ईरान-इज़राइल युद्ध की बात है, इसमें नया कुछ भी नहीं है ---
जहाँ तक ईरान-इज़राइल युद्ध की बात है, इसमें नया कुछ भी नहीं है। इस युद्ध की घोषणा तो ४५ वरसों पूर्व सन १९७९ में ईरान में इस्लामिक क्रांति के पश्चात सत्ता में आते ही ईरान के तत्कालिक मुल्ला-मौलवी शासकों ने कर दी थी। मैं उन दिनों बीबीसी लंदन से समाचार सुना करता था। यह बीबीसी के समाचारों में ही था कि सत्ता में आते ही ईरान के तत्कालीन शासनाध्यक्ष ने घोषणा की थी कि एक दिन वे इज़राइल को लाल-सागर में दफन कर देंगे।